गैरसैंण में बजट सत्र का ऐतिहासिक दिन: राज्यपाल के अभिभाषण के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पेश किया 1.11 लाख करोड़ का बजट

गैरसैंण में बजट सत्र की शुरुआत, पहली बार अभिभाषण के दिन ही पेश हुआ बजट

उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण स्थित भराड़ीसैंण विधानसभा में सोमवार से बजट सत्र शुरू हुआ। राजनीतिक इतिहास में यह पहला अवसर है जब राज्यपाल के अभिभाषण वाले दिन ही बजट सदन में पेश किया गया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वित्त मंत्री के रूप में वित्तीय वर्ष 2026-27 का 1.11 लाख करोड़ रुपये से अधिक का बजट प्रस्तुत किया। पिछले वर्ष की तुलना में बजट में लगभग 10% वृद्धि की गई है। चुनावी वर्ष को देखते हुए इस बजट में गरीबों, युवाओं, किसानों और महिलाओं के सशक्तीकरण पर विशेष फोकस रखा गया।


जेंडर बजट में बढ़ोतरी

इस वर्ष जेंडर बजट में भी वृद्धि की गई है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में जेंडर बजट का प्रावधान 16,961.32 करोड़ रुपये था, जिसे बढ़ाकर 19,692.02 करोड़ रुपये कर दिया गया है।


आधारभूत ढांचा और विकास परियोजनाओं के लिए प्रावधान

बजट में कई प्रमुख योजनाओं के लिए धनराशि आवंटित की गई है, जिनमें शामिल हैं:

  • कुंभ मेले की अवस्थापना – 1027 करोड़ रुपये
  • विकसित भारत रोजगार गारंटी एवं ग्रामीण आजीविका मिशन – 705.25 करोड़ रुपये
  • निर्भया फंड – 112.02 करोड़ रुपये
  • पर्यटन विकास के लिए अवस्थापना निर्माण – 100 करोड़ रुपये
  • हरिद्वार और ऋषिकेश गंगा कॉरिडोर परियोजनाओं – 10-10 करोड़ रुपये
  • साइबर सिक्योरिटी – 15 करोड़ रुपये
  • इमरजिंग टेक्नोलॉजी और एआई – 10.50 करोड़ रुपये
  • स्पिरिचुअल इकोनॉमिक ज़ोन – 10 करोड़ रुपये

गरीब कल्याण योजनाओं में बड़ा प्रावधान

गरीबों और जरूरतमंद वर्ग के लिए प्रमुख योजनाओं का बजट:

  • अन्नपूर्ति योजना – 1300 करोड़ रुपये
  • प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) – 298.35 करोड़ रुपये
  • प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 (शहरी) – 56.12 करोड़ रुपये
  • ईडब्ल्यूएस आवास अनुदान – 25 करोड़ रुपये
  • परिवहन निगम की बसों में मुफ्त यात्रा – 42 करोड़ रुपये
  • रसोई गैस पर सब्सिडी – 43.03 करोड़ रुपये
  • दिव्यांग एवं अन्य सामाजिक पेंशन – 167.05 करोड़ रुपये
  • आपदा प्रभावित परिवारों का पुनर्वास – 25 करोड़ रुपये

किसानों और कृषि क्षेत्र के लिए योजनाएं

  • ट्राउट प्रोत्साहन योजना – 39.90 करोड़ रुपये
  • मिशन एप्पल योजना – 42 करोड़ रुपये
  • दुग्ध मूल्य प्रोत्साहन योजना – 32 करोड़ रुपये
  • मुख्यमंत्री राज्य कृषि विकास योजना – 20 करोड़ रुपये
  • मुख्यमंत्री मत्स्य संपदा योजना – 12.43 करोड़ रुपये
  • मिलेट मिशन योजना – 12 करोड़ रुपये
  • किसान पेंशन योजना – 12.06 करोड़ रुपये
  • प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना – 160.13 करोड़ रुपये

युवाओं और शिक्षा के लिए प्रावधान

  • मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना – 60 करोड़ रुपये
  • मुख्यमंत्री पलायन रोकथाम योजना – 10 करोड़ रुपये
  • पं. दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना – 62.29 करोड़ रुपये
  • गैर-सरकारी महाविद्यालयों को सहायता – 155.38 करोड़ रुपये
  • शिक्षा मित्रों के मानदेय – 10 करोड़ रुपये
  • सीएम युवा भविष्य निर्माण योजना – 10 करोड़ रुपये

महिला सशक्तीकरण योजनाएं

  • नंदा गौरा योजना – 220 करोड़ रुपये
  • प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना – 47.78 करोड़ रुपये
  • मुख्यमंत्री बाल पोषण योजना – 25 करोड़ रुपये
  • मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना – 30 करोड़ रुपये
  • ईजा-बोई शगुन योजना – 122 करोड़ रुपये
  • महिला स्वयं सहायता समूह सशक्तिकरण – 5 करोड़ रुपये
  • महिला स्पोर्ट्स कॉलेज चंपावत – 10 करोड़ रुपये

सत्र के पहले दिन विरोध प्रदर्शन और वॉकआउट

बजट सत्र के पहले दिन उत्तराखंड क्रांति दल के कार्यकर्ताओं ने स्थायी राजधानी और अन्य मुद्दों को लेकर विधानसभा घेराव की कोशिश की। प्रदर्शन के दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हुई और 10-15 कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया।

वहीं भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के विधायकों ने बजट सत्र की अवधि बढ़ाने की मांग को लेकर नारेबाजी करते हुए सदन से वॉकआउट किया।