नैनीताल।
नैनीताल घूमने आने वाले पर्यटकों के हित में जिला प्रशासन और पर्यटन विभाग ने बड़ा निर्णय लिया है। अब जिले के सभी होटलों और गेस्ट हाउसों में कमरों की दरों को लेकर मनमानी नहीं चल सकेगी। प्रशासन ने निर्देश जारी करते हुए स्पष्ट किया है कि प्रत्येक होटल को अपने परिसर में और अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर कमरों की रेट लिस्ट स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करनी होगी।
प्रशासन और पर्यटन विभाग की संयुक्त समीक्षा में सामने आया है कि नैनीताल जिले के 50 प्रतिशत से अधिक होटलों और उनकी वेबसाइटों पर टैरिफ से जुड़ी पूरी जानकारी उपलब्ध नहीं है। इसका फायदा उठाकर कई होटल संचालक सुबह और शाम के समय कमरों के दाम बदल देते थे। पर्यटकों से अलग-अलग समय पर अलग-अलग दर वसूलने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं।
इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जिला प्रशासन ने होटलों पर सख्ती करने का फैसला किया है। अपर जिलाधिकारी विवेक राय और जिला पर्यटन अधिकारी अतुल भंडारी ने बताया कि सभी होटलों में कमरों की दरें स्पष्ट रूप से अंकित की जाएंगी और यह जानकारी वेबसाइट पर भी देना अनिवार्य होगा। निर्देशों का पालन न करने पर संबंधित होटल संचालकों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
त्योहारी सीजन से पहले पारदर्शिता
क्रिसमस और नववर्ष के दौरान नैनीताल में पर्यटकों की संख्या तेजी से बढ़ जाती है। ऐसे समय में होटल दरों में अनियमित बढ़ोतरी की शिकायतें सबसे अधिक सामने आती हैं। प्रशासन का मानना है कि रेट लिस्ट अनिवार्य होने से होटल कारोबार में पारदर्शिता आएगी और पर्यटकों को उचित दरों पर ठहरने की सुविधा मिल सकेगी।
मॉल रोड पर उत्सव की तैयारी
उधर, क्रिसमस और नववर्ष के जश्न को लेकर नैनीताल में तैयारियां जोरों पर हैं। होटल एसोसिएशन की ओर से मॉल रोड को बिजली की झालरों से सजाया जा रहा है। साथ ही पर्यटकों के मनोरंजन के लिए जगह-जगह विशेष मनोरंजन प्वाइंट बनाए जा रहे हैं। होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष दिग्विजय सिंह बिष्ट ने बताया कि इन प्वाइंट्स पर पर्यटक संगीत, फोटो और वीडियोग्राफी के साथ उत्सव का आनंद ले सकेंगे।
प्रशासन के इस फैसले से न केवल होटल व्यवसाय में अनुशासन आएगा, बल्कि नैनीताल आने वाले हजारों सैलानियों को भी ठहरने के दौरान किसी तरह की असुविधा का सामना नहीं करना पड़ेगा।