पिछले 36 घंटे से तलवाड़ी स्टेट सहित कई गांव अंधेरे में

सुभाष पिमोली

थराली

पिंडर घाटी मे हल्की बूंदाबांदी होने से लाइट का गुल होना आम बात हो गई है जहाँ पिछले महीने 5 दिनों तक अंधेरे मे रहना पड़ा वही दस दिनों बाद 2 जुलाई को 20 घंटे और फिर एक माह 18 जुलाई को 36 घंटे से अंधरे मे रात गुजारनी पड़ रही है जहाँ एक और भारी बरसात हो रही वही लाइट का चले जाना किसी मुसीबत से कम नहीं है लोग डर के साये मे जीने को मजबूर है । यह पिछले कई वर्षों से ऐसा ही चल रहा हैं। अभी पिछले महीने ही 18 से 22 जून तक पूरे पांच दिनों तक उसके बाद 2 जुलाई को 20 घंटे 18 जुलाई से 36 घंटे से पूरा इलाका अंधरे मे है |

पिछले कुछ वर्षों से पिंडर घाटी में बिजली सप्लाई के संबंध में आम बात हों गई हैं कि चाहें,गर्मी हों या जाड़ा अथवा बरसात आसमान में बादल आये नही और हल्की बूंदाबांदी अथवा हल्की हवा के चलते पिंडर घाटी मे बिजली घंटों तक गुल हो जाना आम बात हो गई हैं।इसे देखते ही अब लोग हल्की बूंदाबांदी होते ही उजाले की जुगत मे लग जाते है । जहां ऊर्जा निगम के अधिकारी धारी के पास लाइन मे फ़ोर्ट होने की बात कह कर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ रहे है |

आखिर 36 घंटे मे एक फ़ोर्ट नहीं मिलना बिजली विभाग के लिए सवाल खड़ा करता है, किंतु कि एक माह के अंदर ही तीन बार लम्बे समय तक फ़ोर्ट होना सवालिया निसान खड़ा करता है जहाँ 18 जून फिर शुक्रवार 2 जुलाई और अब एक माह बाद 18जुलाई को आई हल्की बारिश ने ऊर्जा निगम के जिम्मेदार अधिकारियों की कार्य-प्रणाली पर एक बार फिर से सवाल खड़े कर दिए हैं। रविबार की सांय करीब 8 बजे बजे अचानक पिंडर घाटी के थराली, देवाल विकासखंड मे बिजली एक बार फिर गुल हो गई थी। जोकि 24 घंटों के बाद थराली व देवाल मे तो बहाल हो गई परन्तु तलवाड़ी,थाला, हरतोली, तलवाड़ी खालसा, ताल, घनीयाल, सेरा विजयपुर सहित कई गावों मे 36 घंटे बाद भी बिजली बहाल नहीं हो पाई |

समाजसेवी पूर्व व्यायाम अध्यापक महिपाल सिंह बिष्ट. राजेंद्र सिंह बुटोला रावत, बलवंत सिंह बिष्ट, खिलाप सिंह रावत, देवेंद्र रावत, बलवंत सिंह रावत, बलवंत सिंह रौथाण, पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य खिलाफ सिंह रावत, प्रधान दीपा देवी, भरत बिष्ट ने ऊर्जा निगम को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि विभाग के अधिकारीयो की लापरवाही से क्षेत्र की जनता को अपनी रातें अंधेरे में गुजारनी पड़ रही है जहाँ एक और बिजली ना होने के कारण मोबाइल चार्ज नहीं हो पा रहे |

वही ऑन लाईन पढ़ रहे बच्चो को भी पढ़ाई से भी वंचित रहना पड़ रहा है जिससे उनके भविष्य पर भी बिपरीत प्रभाव पड़ रहा है और बच्चों का भविष्य चौपट नजर आ रहा है।वही बुगा गांव भी पिछले चार दिनों से अंधेरे मे है स्थानीय भरत फर्शवाण ने बताया बिजली की लाईन टूट गई है कई बार विभाग को अवगत करा दिया है लेकिन अभी तक विभाग का कोई भी कर्मचारी नहीं पहुंचा तार रास्ते मे पड़ा हुआ है अगर कोई घटना घटती है इसकी जिमेदारी विभाग की होगी।